रिटायरमेंट कैलकुलेटर
रिटायर होने के लिए कितना चाहिए, और हर महीने कितना निवेश करें।
लंबी उम्र मानकर योजना बनाएँ: 85–90 समझदारी है
₹40,000 (40 हज़ार) · आपकी मौजूदा जीवनशैली का ख़र्च, उन लोन EMI के बिना जो चुक जाएँगी
आम तौर पर कम: रिटायर लोग सुरक्षित निवेश की ओर जाते हैं
₹5,00,000 (5 लाख)
हर महीने निवेश करें
₹22,726
30 साल तक, ₹6,17,18,783 जमा करने के लिए
- 60 की उम्र में मासिक ख़र्च
- ₹2,29,740
- रिटायरमेंट पर ज़रूरी रक़म
- ₹6,17,18,783
- आपकी मौजूदा बचत बढ़कर होगी
- ₹99,18,700
- कमी
- ₹5,18,00,083
- ज़रूरी मासिक निवेश
- ₹22,726
- मौजूदा बचत से: 16.1%
- अभी जमा करना है: 83.9%
ख़र्च महँगाई के साथ बढ़ते हैं और रिटायरमेंट के हर साल की शुरुआत में निकाले जाते हैं, बाक़ी रक़म रिटायरमेंट के बाद वाला रिटर्न कमाती रहती है। पेंशन या किराये की आय से ज़रूरी रक़म घटेगी। यह अनुमान है, वित्तीय सलाह नहीं।
आपके ब्राउज़र में प्रोसेस होता है। कुछ भी अपलोड नहीं होता।
रिटायरमेंट की योजना कैसे बनाएँ
- 1
अपनी उम्र, रिटायरमेंट की उम्र और योजना की उम्र डालें।
- 2
आज के मासिक ख़र्च और अनुमानित महँगाई डालें।
- 3
रिटायरमेंट से पहले और बाद के रिटर्न, और मौजूदा बचत डालें।
- 4
ज़रूरी रक़म और मासिक निवेश देखें।
रिटायर होने के लिए कितना चाहिए
रिटायरमेंट 25 साल या ज़्यादा चल सकता है, जिसमें सैलरी नहीं होती पर ख़र्च महँगाई के साथ बढ़ते रहते हैं। कैलकुलेटर बताता है कि रिटायरमेंट के दिन कितनी पूँजी चाहिए, आपकी मौजूदा बचत कितनी बढ़ेगी, और कमी पूरी करने के लिए हर महीने कितना निवेश करें।
रिटायरमेंट कॉर्पस कैलकुलेटर और रिटायरमेंट प्लानिंग कैलकुलेटर: रिटायर होने के लिए कितने पैसे चाहिए?
हिसाब कैसे होता है
- आज के मासिक ख़र्च रिटायरमेंट तक महँगाई से बढ़ते हैं। 6% महँगाई पर 40,000 महीना 30 साल में लगभग 2.3 लाख महीना हो जाता है।
- रिटायरमेंट के दौरान ख़र्च हर साल महँगाई से बढ़ते रहते हैं और हर साल की शुरुआत में पूँजी से निकलते हैं। बची पूँजी योजना की उम्र तक रिटायरमेंट के बाद वाला रिटर्न कमाती रहती है।
- आपकी मौजूदा रिटायरमेंट बचत रिटायरमेंट से पहले वाले रिटर्न से बढ़ती है।
- कमी को मासिक निवेश में बदला जाता है, जो रिटायरमेंट तक हर महीने की शुरुआत में होता है।
सही इनपुट चुनें
- योजना की उम्र: 85–90। 80 पर पैसा ख़त्म होना कुछ बच जाने से कहीं बड़ी समस्या है।
- महँगाई: भारत में लगभग 6%; इलाज का ख़र्च अक्सर तेज़ बढ़ता है।
- रिटर्न: रिटायरमेंट से पहले ज़्यादा (जैसे इक्विटी निवेश के साथ 10–12%), बाद में कम (6–8%), क्योंकि आप सुरक्षित विकल्पों की ओर जाते हैं।
पेंशन और दूसरी आय
कैलकुलेटर मानता है कि सारा ख़र्च पूँजी से चलेगा। अगर पेंशन, एन्युटी या किराया मिलेगा, तो वह मासिक रक़म ख़र्च से घटाकर डालें। नियोक्ता PF और ग्रेच्युटी मौजूदा बचत में गिन सकते हैं।
जल्दी शुरू करें
दस साल पहले शुरू करने से ज़रूरी मासिक रक़म लगभग आधी हो सकती है, क्योंकि रिटर्न को बढ़ने का ज़्यादा समय मिलता है। महँगाई का असर महँगाई कैलकुलेटर में देखें, और जल्दी रिटायरमेंट FIRE कैलकुलेटर से समझें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
रिटायर होने के लिए कितने पैसे चाहिए?
इतने कि रिटायरमेंट से योजना की उम्र तक हर साल महँगाई से बढ़ते ख़र्च चल सकें। कैलकुलेटर वे साल जोड़ता है, यह मानते हुए कि बची रक़म कमाती रहती है।
रिटायरमेंट पर ख़र्च इतना ज़्यादा क्यों है?
महँगाई। 6% पर आज का 40,000 महीना 30 साल में लगभग 2.3 लाख महीना हो जाता है।
रिटायरमेंट के बाद कितना रिटर्न मानूँ?
नौकरी के समय से कम, क्योंकि रिटायर लोग सुरक्षित निवेश की ओर जाते हैं। भारत में 6–8% आम अनुमान है।
क्या इसमें पेंशन शामिल है?
नहीं। पेंशन, एन्युटी या किराये की आय से ज़रूरी रक़म घटती है। इसे ध्यान में रखने के लिए उसे मासिक ख़र्च से घटाकर डालें।